पीएम और सीएम आवास योजना के ऑपरेटरों को भुगतान दिलाने तथा यूपीकोस में शामिल करने की मांग उठाई, वर्षों से लंबित समस्या के समाधान की उम्मीद बढ़ी

गोरखपुर। प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभाने वाले आवास ऑपरेटरों की समस्याओं को अब विधानसभा स्तर पर उठाया गया है। चिल्लूपार के विधायक राजेश त्रिपाठी ने विधानसभा की प्राक्कलन समिति की बैठक में ऑपरेटरों के लंबित मानदेय के भुगतान और उन्हें उत्तर प्रदेश राज्य आउटसोर्स सेवा निगम लिमिटेड (यूपीकोस) में शामिल करने का विषय प्रमुखता से उठाया।
बैठक में विधायक ने सभापति मुकेश चौधरी और ग्राम्य विकास विभाग के प्रमुख सचिव के समक्ष सरकारी विभागों में कार्यरत पीएम और सीएम आवास ऑपरेटरों की स्थिति रखते हुए उनके बकाया पारिश्रमिक का भुगतान कराने की मांग की। साथ ही आउटसोर्सिंग व्यवस्था के अंतर्गत कार्य कर रहे ऐसे कर्मचारियों, जो अब तक यूपीकोस में शामिल नहीं हो पाए हैं, उन्हें भी निगम के दायरे में लाने की मांग की।
वर्षों से लंबित मांग पर विधायक ने दिखाई पहल
आवास ऑपरेटर लंबे समय से अपने बकाया मानदेय के भुगतान और सेवा संबंधी समस्याओं के समाधान की मांग कर रहे हैं। इसी मुद्दे को लेकर दैनिक जागरण आईनेक्स्ट ने 18 अक्टूबर को ‘घर बनवाने वाले आवास ऑपरेटर्स के घरों में चूल्हा जलना मुश्किल’ शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। बताया जा रहा है कि इस खबर और ऑपरेटरों की ओर से लगातार उठाई जा रही मांगों के बीच विधायक राजेश त्रिपाठी ने मामले को विधानसभा की प्राक्कलन समिति की बैठक में उठाया।
विधायक की इस पहल से उन कर्मचारियों को अपनी समस्याओं के समाधान की उम्मीद बंधी है, जो लंबे समय से मानदेय भुगतान और सेवा में स्थायित्व से जुड़ी मांगों को लेकर प्रयासरत हैं।
विधानसभा में आवाज उठने से ऑपरेटरों में खुशी
अपनी मांग विधानसभा की समिति की बैठक तक पहुंचने की जानकारी मिलने के बाद आवास ऑपरेटरों में खुशी का माहौल है। उनका कहना है कि लंबे समय से लंबित समस्या को जनप्रतिनिधि द्वारा उच्च स्तर पर उठाया जाना उनके लिए सकारात्मक संकेत है।
आवास ऑपरेटर आशीष मिश्रा, इश्तेयाक अहमद, कमलेश, अमित त्रिपाठी, ओंकार, ज्ञानेंद्र, मोनू, दीपक, राहुल, अंजनी, मनीष, राहुल राव, जितेंद्र कुमार पासवान, आशुतोष कुमार, राजेश कुमार गौड़ और विक्रम कुमार समेत अन्य ऑपरेटरों ने विधायक के प्रति आभार जताया। उन्होंने उम्मीद व्यक्त की कि इस पहल से उनकी मांगों पर शासन स्तर पर शीघ्र निर्णय हो सकेगा।
मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन भी सौंप चुके हैं ऑपरेटर
इससे पहले जिले के आवास ऑपरेटरों ने चिल्लूपार विधायक राजेश त्रिपाठी को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपा था। ज्ञापन में दो प्रमुख मांगें रखी गई थीं। पहली, लंबे समय से लंबित मानदेय का भुगतान कराया जाए और दूसरी, आवास ऑपरेटरों को उत्तर प्रदेश राज्य आउटसोर्स सेवा निगम लिमिटेड (यूपीकोस) में शामिल किया जाए।
ऑपरेटरों ने विधायक से अपनी समस्याएं मुख्यमंत्री तक पहुंचाने का आग्रह किया था। इस पर विधायक ने उनकी मांगों को संबंधित जिम्मेदार अधिकारियों और मुख्यमंत्री तक पहुंचाने का आश्वासन दिया था।
अब विधानसभा की प्राक्कलन समिति की बैठक में यह विषय उठाए जाने के बाद आवास ऑपरेटरों को उम्मीद है कि उनकी वर्षों पुरानी समस्या पर शासन और विभागीय स्तर पर ठोस कार्रवाई होगी। हालांकि, भुगतान और यूपीकोस में शामिल किए जाने को लेकर अंतिम निर्णय अभी संबंधित विभाग और शासन स्तर से होना बाकी है।













