गोरखपुर: 18 March 2026

शहर की बुनियादी सुविधाओं और सफाई व्यवस्था को चाक-चौबंद करने के उद्देश्य से नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल ने बुधवार को वाहन विभाग की अहम समीक्षा बैठक की। बैठक के दौरान नगर आयुक्त ने विभागीय कार्यों की कछुआ चाल पर कड़ा असंतोष व्यक्त किया। नगर आयुक्त गोरखपुर समीक्षा बैठक 2026 का मुख्य केंद्र बिंदु नगर निगम के बेड़े में शामिल सैकड़ों वाहनों का बीमा और उनकी कार्यक्षमता रहा। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि अगले 7 दिनों के भीतर पोकलेन, जेसीबी और डंपर जैसे सभी बड़े वाहनों का बीमा रिन्यूअल शत-प्रतिशत पूर्ण हो जाना चाहिए, अन्यथा संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
7 दिन का अल्टीमेटम: बीमा और इन्वेंटरी पर जोर
नगर आयुक्त ने बैठक में पाया कि कई महत्वपूर्ण वाहनों का बीमा समय सीमा समाप्त होने के बाद भी रिन्यू नहीं कराया गया है।
- प्रमुख निर्देश: निर्माण, जलकल और स्वास्थ्य विभाग अपने सभी वाहनों की विस्तृत इन्वेंटरी तैयार करें।
- 100% कवरेज: जेसीबी, डंपर, डीसीएम और पोकलेन जैसे भारी वाहनों के साथ-साथ नए वाहनों का भी तत्काल बीमा सुनिश्चित करने को कहा गया है।
- यूनिक आईडी: नगर निगम के करीब 609 वाहनों का डेटा डिजिटल रूप से अपडेट किया जाएगा। प्रत्येक वाहन के लिए एक ‘यूनिक आईडी’ और एप्लिकेशन तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे एक क्लिक पर वाहन की पूरी हिस्ट्री उपलब्ध होगी।
ड्राइवरों पर कड़ाई: ड्रेस कोड और परफॉर्मेंस
बैठक में ड्राइवरों की कार्यप्रणाली को लेकर भी सख्त रुख अपनाया गया। नगर आयुक्त ने निर्देश दिए कि:
- लापरवाही पर छुट्टी: जो ड्राइवर कार्य में रुचि नहीं ले रहे हैं या जिनके कारण वाहनों की कार्यक्षमता प्रभावित हो रही है, उन्हें हटाकर नई नियुक्तियां की जाएं।
- ड्रेस कोड अनिवार्य: गर्मी को देखते हुए सभी चालकों को विशेष ड्रेस उपलब्ध कराई जाएगी। बिना ड्रेस ड्यूटी करने वाले कर्मचारियों का वेतन काटने की कड़ी चेतावनी दी गई है।
- पीला रंग: डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन के लिए आने वाले सभी नए वाहन अब ‘पीले रंग’ में ही बेड़े में शामिल किए जाएंगे।
महेवा वर्कशॉप और वीटीएमएस (VTMS) में सुधार
नगर आयुक्त ने महेवा वर्कशॉप के अधूरे कार्यों को शीघ्र पूरा कर उसे चालू करने के निर्देश दिए। अब नगर निगम के वाहनों की धुलाई और रखरखाव की व्यवस्था वहीं सुनिश्चित की जाएगी।
- कंट्रोल रूम: नगर निगम कंट्रोल रूम में संचालित व्हीकल ट्रैकिंग मैनेजमेंट सिस्टम (VTMS) की कार्यप्रणाली में सुधार लाने पर जोर दिया गया, ताकि कूड़ा ढोने वाले डंपरों और अन्य वाहनों की रियल-टाइम मॉनिटरिंग प्रभावी ढंग से हो सके।
- डंपर संचालन: विशेष रूप से डंपरों के संचालन में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने की हिदायत दी गई है, ताकि शहर की सड़कों पर सुरक्षा और सफाई दोनों बनी रहे।
नगर आयुक्त गोरखपुर समीक्षा बैठक 2026 यह दर्शाती है कि नगर निगम अब तकनीक और अनुशासन के मेल से शहर की व्यवस्था सुधारने पर आमादा है। वाहनों का 100% बीमा और यूनिक आईडी अलॉटमेंट से न केवल सरकारी संपत्ति सुरक्षित होगी, बल्कि भ्रष्टाचार और लापरवाही पर भी लगाम लगेगी। नगर आयुक्त के इन सख्त तेवरों से विभाग में हड़कंप मचा हुआ है और अब देखना यह है कि 7 दिन के भीतर कितने वाहनों का डेटा पोर्टल पर अपडेट होता है।
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