बृजनाथ तिवारी की रिपोर्ट
गोलाबाजार, गोरखपुर: 5 मार्च 2026
समाज को नशामुक्त बनाने और अपराध पर लगाम कसने के संकल्प के साथ गोला पुलिस इन दिनों काफी सक्रिय नजर आ रही है। गुरुवार को पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर एक सटीक घेराबंदी करते हुए अवैध देशी शराब के कारोबार में लिप्त दो लोगों को सलाखों के पीछे पहुँचा दिया। यह कार्रवाई उस समय हुई जब ये आरोपी राहगीरों और स्थानीय लोगों को चोरी-छिपे शराब बेचने की फिराक में थे। पुलिस की इस सतर्कता ने न केवल अवैध कारोबार को रोका, बल्कि क्षेत्र में शांति व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ करने का संदेश भी दिया है।
गश्त के दौरान मिली ‘सीक्रेट’ सूचना
घटनाक्रम के अनुसार, गोला थाने की पुलिस टीम गुरुवार को रोज की तरह क्षेत्र में शांति व्यवस्था और सुरक्षा के मद्देनजर गश्त पर थी। पुलिस का मुख्य उद्देश्य त्योहारों के बाद क्षेत्र में किसी भी तरह की अराजकता को रोकना था। इसी दौरान टीम को एक विश्वसनीय मुखबिर से “सीक्रेट” सूचना मिली। मुखबिर ने बताया कि गोपालपुर पुलिया के थोड़ा आगे, सड़क के किनारे दो व्यक्ति संदिग्ध अवस्था में खड़े हैं और वे आने-जाने वालों को अवैध रूप से देशी शराब के पाउच बेच रहे हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने बिना समय गंवाए मौके की ओर कूच किया। पुलिस की योजना आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ने की थी, ताकि उनके पास भागने का कोई मौका न रहे।
पुलिस को देख छिपाने लगे ‘गुनाह की बोरी’
जैसे ही पुलिस टीम गोपालपुर पुलिया के पास पहुँची, उसे दूर से दो व्यक्ति दिखाई दिए जो सड़क किनारे प्लास्टिक की बोरी में कुछ सामान रख रहे थे। पुलिस की जीप और वर्दी को देखते ही दोनों व्यक्तियों के चेहरे पर घबराहट साफ झलकने लगी। वे आनन-फानन में उस प्लास्टिक की बोरी को झाड़ियों और पास ही छिपाने का प्रयास करने लगे। उनकी इस संदिग्ध हरकत ने पुलिस के शक को यकीन में बदल दिया।
पुलिस कर्मियों ने मुस्तैदी दिखाते हुए दोनों को मौके पर ही धर दबोचा। पकड़े गए व्यक्तियों में से एक ने अपनी पहचान बलवीर चौधरी (35 वर्ष) पुत्र बंगेश चौधरी, निवासी ग्राम खेतरी के रूप में दी। वहीं दूसरे व्यक्ति ने अपना नाम बुद्धिराम (28 वर्ष) पुत्र छेदीलाल, निवासी गोपालपुर वार्ड नंबर 16 बताया।

तलाशी में बरामद हुआ अवैध माल: 31 पाउच जब्त
जब पुलिस ने दोनों व्यक्तियों की तलाशी ली और उनके पास मौजूद प्लास्टिक की बोरी को खंगाला, तो उसमें भारी मात्रा में अवैध देशी शराब के पाउच मिले। पुलिस के अनुसार:
- बलवीर चौधरी के पास से 15 पाउच सीलबंद देशी शराब बरामद हुई।
- बुद्धिराम के कब्जे से 16 पाउच सीलबंद देशी शराब मिली।
कुल 31 पाउच अवैध शराब को पुलिस ने तत्काल अपने कब्जे में ले लिया। यह शराब कहाँ से लाई गई थी और इसका मुख्य स्रोत क्या था, पुलिस अब इस कड़ी को जोड़ने में जुटी है। बरामद माल को नियमानुसार सील कर कानूनी प्रक्रिया का हिस्सा बनाया गया है।
आबकारी अधिनियम के तहत कार्रवाई: थाना प्रभारी का कड़ा संदेश
इस मामले की पुष्टि करते हुए थाना प्रभारी राकेश रोशन सिंह ने बताया कि अवैध मादक पदार्थों की बिक्री समाज के लिए एक बड़ा खतरा है। उन्होंने कहा कि पकड़े गए दोनों आरोपियों के खिलाफ आबकारी अधिनियम की धारा 60 के तहत मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है।
मानवीय दृष्टिकोण: अक्सर देखा जाता है कि चंद रुपयों के लालच में स्थानीय युवा ऐसे अवैध कारोबार की ओर आकर्षित हो जाते हैं। थाना प्रभारी ने स्थानीय युवाओं से अपील की है कि वे ऐसे छोटे और अवैध कार्यों से दूर रहें, क्योंकि एक बार आपराधिक रिकॉर्ड बन जाने पर उनका भविष्य अंधकारमय हो जाता है। पुलिस का उद्देश्य केवल गिरफ्तार करना नहीं, बल्कि अपराध की जड़ को खत्म करना है।
ग्रामीणों ने ली राहत की सांस
गोपालपुर और खेतरी क्षेत्र के ग्रामीणों ने पुलिस की इस कार्रवाई का स्वागत किया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सार्वजनिक स्थानों और पुलिया के पास शराब की अवैध बिक्री से शाम के समय महिलाओं और बच्चों का निकलना दूभर हो जाता था। ऐसी गतिविधियों से असामाजिक तत्वों का जमावड़ा बढ़ जाता है, जिससे गांव का माहौल खराब होता है। पुलिस की इस मुस्तैदी ने शांतिप्रिय नागरिकों में सुरक्षा का भाव पैदा किया है।
निष्कर्ष: नशामुक्त समाज की ओर कदम
अवैध शराब के विरुद्ध गोला पुलिस का यह अभियान निरंतर जारी रहने की उम्मीद है। बलवीर और बुद्धिराम की गिरफ्तारी इस बात का प्रमाण है कि कानून की नजर हर उस व्यक्ति पर है जो समाज की मर्यादा और नियमों को ताक पर रखकर अपनी जेब भरना चाहता है। आबकारी अधिनियम के तहत हुई यह कार्रवाई आने वाले समय में अन्य तस्करों के लिए एक कड़ा सबक साबित होगी।










